
दोस्तों सत्य को अपने निजी स्वार्थ हेतु कुचल डालने वालो की कोई कमी नही है
! ऐसी प्रजाति प्राचीन युगों से सदा समय समय पर अस्तित्व में आती रही है । इस युग मे मैं बात कर रहा हूँ उन दुष्टो की जो हमारी प्रभु की निशानी "राम-सेतु " को तोड़ने पर तुली हुई है क्योंकि इन दुष्टो के पापा अमेरिका ने इनको जोरदार लोभ दिया हुआ है।
ये लोग राम सेतु को तोड़ कर इसका मलबा अमेरिका को बेचना चाहतें है क्योंकि
सेतु के आसपास तथा निचे के हिस्सों में काफी मात्रा...